बेंगलुरु16 मिनट पहले

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राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की प्रार्थना वंदना गाने को लेकर विवाद के बीच कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने मंगलवार को फिर से सफाई दी। उन्होंने कहा- मैंने उनकी (भाजपा) टांग खींचने की कोशिश की थी। मेरे कुछ दोस्त इसका राजनीतिक दुरुपयोग करने और जनता में भ्रम पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं।’

शिवकुमार ने कहा- मैं जन्मजात कांग्रेसी हूं और एक कांग्रेसी के रूप में ही मरूंगा। गांधी परिवार पर कोई सवाल नहीं उठा सकता। अगर कांग्रेसियों और इंडिया ब्लॉक को मेरी टिप्पणी से ठेस पहुंचा है, तो मुझे उसका दुख है। मैं उन सभी से माफी मांगना चाहता हूं।

दरअसल, डीके शिवकुमार ने 21 अगस्त को विधानसभा के अंदर RSS की प्रार्थना गीत ‘नमस्ते सदा वत्सले मातृभूमे’ की कुछ लाइनें गाई थीं। इसके बाद कांग्रेस से उनकी तनातनी की अटकलें तेज हो गई थीं। कहा जा रहा था कि वे कभी भी भाजपा में शामिल हो सकते हैं।

शिवकुमार ने बहस के दौरान संघ प्रार्थना गाई थी कर्नाटक विधानसभा में 21 अगस्त को चिन्नास्वामी स्टेडियम भगदड़ (4 जून) पर चर्चा हो रही थी। इस दौरान विधानसभा में भाजपा विधायक आर अशोक ने शिवकुमार की ओर इशारा करते हुए कहा कि कर्नाटक सरकार को RCB भगदड़ की जिम्मेदारी लेनी चाहिए।

इस पर डिप्टी CM शिवकुमार ने कहा कि उन्हें भाजपा की चालों के बारे में सब पता है। फिर उन्होंने भाजपा विधायक के साथ बहस के दौरान RSS की प्रार्थना ‘नमस्ते सदा वत्सले मातृभूमे’ की 2 लाइनें गा दीं। इस दौरान कांग्रेस खेमे के साथ-साथ विपक्ष भी चौंका गया। सोशल मीडिया पर शिवकुमार का यह वीडियो वायरल भी हो गया।

शिवकुमार ने अगले दिन कहा था- मैं जन्मजात कांग्रेसी हूं शिवकुमार ने 22 अगस्त को मामले पर अपनी सफाई दी थी। उनसे विधानसभा के बाहर जब पूछा गया कि क्या विधानसभा में RSS वंदना पढ़ना किसी तरह का संकेत था, तो उन्होंने कहा कि मैं जन्मजात कांग्रेसी हूं। मेरा खून मेरा जीवन, सब कुछ कांग्रेस में है। मैं पूरी ताकत से कांग्रेस का नेतृत्व करूंगा।

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